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हेल्थ इंश्योरेंस

स्वास्थ्य बीमा या हेल्थ इंश्योरेंस वो योजना होती है जिसके तहत बीमा कंपनी चिकित्सा संबंधी आपातकाल में बीमाधारक द्वारा किए गए सभी खर्चों का भुगतान करने का वादा करती है। आजकल की गतिहीन जीवनशैली के कारण विभिन्न स्वास्थ्य समस्याएँ आम हो गयी हैं। अस्पताल एवं चिकित्सा की बढ़ती कीमतों को देखते हुए स्वास्थ्य बीमा रखना बेहद ज़रूरी हो गया है। इसका मतलब है कि स्वास्थ्य बीमा के बिना आपकी आर्थिक योजना अधूरी है।

हेल्थ इंश्योरेंस और कोविड-19 में इसकी भूमिका

वैश्विक महामारी के इस संकट भरे दौर में स्वास्थ्य बीमा आपके लिए बेहद फ़ायदेमंद साबित हो सकता है क्यूंकि आपके स्वास्थ्य बीमा में इलाज संबंधी सभी ख़र्चे शामिल होंगे जिसका भुगतान बीमा कंपनी करेगी। कोरोना वायरस संक्रमण के इलाज के लिए व्यक्ति को विभिन्न प्रकार के ख़र्चे उठाने पड़ते हैं। लेकिन आपके लिए इन ख़र्चों का भुगतान हम करेंगे ताकि आप इन ख़र्चों को भूलकर सिर्फ अपने स्वास्थ्य पर ध्यान दे सकें। हमारे द्वारा दिये जाने वाले स्वास्थ्य बीमा में संक्रमण की जांच, अस्पताल में भर्ती होने से पहले एवं बाद में भी डॉक्टर की फीस आदि जैसे ज़रूरी ख़र्चे शामिल होंगे। अगर आपका इलाज 24 घंटों से पहले हो जाता है तो हम स्वास्थ्य बीमा में डे केयर ट्रीटमेंट के खर्चे भी शामिल करेंगे। चुनें एचडीएफ़सी एर्गो, एक ऐसा नाम जो 1 करोड़ से भी ज़्यादा चेहरों पर लाया है नयी मुस्कान।

अगर आपने एचडीएफ़सी एर्गो से स्वास्थ्य बीमा कराया है तो हम मौजूदा बीमा में ही कोरोना वायरस के इलाज में होने वाले ख़र्चों को शामिल करेंगे।

कोरोना वायरस एवं स्वास्थ्य सुविधाओं के बारे में अधिक जानकारी के लिए यहाँ पढ़ें">अधिक पढ़ें

नोट: अगर आप मौजूदा बीमारी के विरुद्ध बीमा दावा करना चाहते हैं तो आपको ध्यान देना होगा कि एचडीएफ़सी अर्गो द्वारा दिये गए स्वास्थ्य बीमा में मौजूदा बीमारी के लिए 1 महीने का वेटिंग पीरियड होता है। पॉलिसी में शामिल एवं पॉलिसी से बहिष्कृत ख़र्चों के बारे में अधिक जानकारी के लिए पॉलिसी की शर्तें एवं विवरणिका में पढ़ें। ऊपर दी गयी जानकारी महज़ उदाहरण के तौर पर दी गयी है।

स्वास्थ्य बीमा के प्रकार

स्वास्थ्य बीमा विभिन्न प्रकार के होते हैं और आप अपनी ज़रूरत के हिसाब से अपने लिए कोई भी स्वास्थ्य बीमा चुन सकते हैं।

  • क्षतिपूर्ति स्वास्थ्य बीमा योजना इस स्वास्थ्य बीमा के तहत आप इलाज में होने वाले अस्पताल आदि के ख़र्चों का निपटान कर सकते हैं। इस योजना को बेस प्लान भी कहा जाता है और यह बीमा योजना बहुत फ़ायदेमंद होती है। एचडीएफसी अर्गो में माय:हेल्थ सुरक्षा बीमा योजना लाभकारी योजना है।

  • सुपर टॉप-अप स्वास्थ्य बीमा अगर आप कर्मचारी स्वास्थ्य बीमा के साथ व्यक्तिगत स्वास्थ्य बीमा या कम प्रीमियम में अतिरिक्त बीमा राशि पाना चाहते हैं तो आपके लिए टॉप-अप स्वास्थ्य बीमा बेहतरीन विकल्प है। हमारी माय:हेल्थ मेडिश्योर सुपर टॉप-अप आपके लिए अच्छी पॉलिसी होगी।

  • एकमुश्त लाभ आधारित स्वास्थ्य बीमा गंभीर बीमारियों के इलाज में अस्पताल आदि के ख़र्च बहुत ज़्यादा हैं और इन बीमारियों के इलाज में आपकी ज़िंदगी भर की कमाई लग सकती है। ऐसे में लाभ आधारित स्वास्थ्य बीमा योजना से आप एक ही बार में ऐसी बीमारी के इलाज में हुए ख़र्चों का निपटान करवा सकते हैं और आपको हर बार अस्पताल आदि के ख़र्चों के लिए दावा नहीं करना होगा। गंभीर बीमारी की स्थिति में चिकित्सा संबंधी ख़र्चों के निपटान के लिए लाभ आधारित बीमा योजना ही लें।

स्वास्थ्य बीमा के फ़ायदे क्या हैं ?

  • कैशलेस हॉस्पिटलाइज़ेशन
  • तुरंत दावा करने की सुविधा
  • अस्पताल के किराए की पाबंदी नहीं
  • बीमित राशि वापस पाएँ
  • फिटनेस डिस्काउंट
  • लंबी अवधि की पॉलिसी पर छूट
  • ₹ 75,000* तक टैक्स की बचत
  • तुरंत पॉलिसी जारी करने की सुविधा
  • तुरंत पॉलिसी जारी करने की सुविधा
  • 24x7 ग्राहक सेवा सुविधा

हेल्थ इंश्योरेंस प्लान

Individual Health Insurance
व्यक्तिगत स्वास्थ्य बीमा योजना

ज़िंदगी मे अक्सर पैसे की कमी के और गंभीर बीमारी के कारण आप अपने लक्ष्य से चूक सकते हैं। लेकिन एचडीएफसी अर्गो की स्वास्थ्य बीमा योजना से आप ख़ुद को आर्थिक रूप से मज़बूत रख सकते हैं।

परिवार स्वास्थ्य बीमा
परिवार स्वास्थ्य बीमा

इस बीमा की मदद से आप अपने परिवार के सदस्यों को किफ़ायती प्रीमियम में बेहतरीन स्वास्थ्य सुविधाएं दे सकते हैं।

Parents Health Insurance
अभिभावक स्वास्थ्य बीमा

वृद्धावस्था में स्वास्थ्य से जुड़ी समस्याएँ अक्सर लोगों की परेशामी का कारण बन जाती हैं। लेकिन आप हमारी बेहतरीन स्वास्थ्य बीमा योजनाओं से अपनो बचत को सुरक्षित रख अपनी स्वास्थ्य सुविधाओं का पूरा ख़्याल रख सकते हैं।

वरिष्ठ नागरिक स्वास्थ्य बीमा
वरिष्ठ नागरिक स्वास्थ्य बीमा

एचडीएफसी अर्गो में आपको मिलेंगी ऐसी स्वास्थ्य बीमा योजनाएँ जिसमें कोई आयु सीमा नहीं है और वरिष्ठ नागरिकों के लिए ख़ास इस बीमा का नवीनीकरण कभी भी हो सकता है।

माय:हेल्थ महिला सुरक्षा
माय:हेल्थ महिला सुरक्षा

यह प्लान ख़ासकर उन महिलाओं के लिए लाभकारी है जो अपने भविष्य के स्वास्थ्य संबंधी ख़र्चों को सुरक्षित रखना चाहती हैं। इस बीमा योजना में महिलाओं को होने वाली सर्जरी और गंभीर बीमारियों के इलाज शामिल हैं।

क्रिटिकल इलनेस बीमा पॉलिसी
क्रिटिकल इलनेस बीमा पॉलिसी

गंभीर बीमारी के दौरान आपकी आर्थिक परिस्थितियों पर बुरा प्रभाव पड़ सकता है। हमारी क्रिटिकल इलनेस स्वास्थ्य बीमा में आपको गंभीर बीमारी के इलाज में होने वाले ख़र्चों का एकमुश्त लाभ मिल सकता है ताकि आपकी जेब पर आर्थिक दबाव नहीं पड़ेगा।

माय:हेल्थ मेडिश्योर सुपर टॉप-अप
माय:हेल्थ मेडिश्योर सुपर टॉप-अप

चुनें यह फ़ायदेमंद स्वास्थ्य बीमा ताकि स्वास्थ्य संबंधी ख़र्चों में आपको दुबारा सोचना न पड़े। इसमें आपको किफ़ायती प्रीमियम पर ₹20 लाख का कवरेज मिलेगा।

स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी में क्या शामिल है ?

Sum Insured rebound

सम इंश्योर्ड रिबाउंड या बीमित राशि का निपटान

बीमित राशि ख़त्म होने पर यह सुविधा वरदान की तरह काम करेगी क्यूंकी इसमें आपको भविष्य में किसी इलाज या अस्पताल के खर्चों के लिए दुबारा बीमित राशि मिल जाएगी।

Installment Benefit

किश्त में भुगतान करने की सुविधा

क्या आप चाहते हैं कि आप अपने इलाज का भुगतान किश्तों में करें? अगर हाँ, तो हमारी स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी आपके लिए बेहतरीन विकल्प है क्यूंकी इसमें आपको किश्तों में भुगतान की भी सुविधा मिलेगी।

45 वर्ष की उम्र तक कोई चिकित्सा जांच नहीं

45 वर्ष की उम्र तक कोई चिकित्सा जांच नहीं

अगर आप अपनी युवावस्था में हैं और पूरी तरह स्वस्थ हैं तो एचडीएफ़सी अर्गो से खरीदें स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी क्यूंकी 45 वर्ष की उम्र तक कोई स्वास्थ्य जांच की आवश्यकता नहीं है।

घरेलू स्वास्थ्य सुरक्षा ^^

अगर आपके डॉक्टर ने आपको घर पर इलाज की सलाह दी है तब भी आप घर से ही हमारी ^^^कैशलेस सुविधाओं का लाभ पा सकते हैं।
अस्पताल में भर्ती होने के ख़र्च

अस्पताल में भर्ती होने के ख़र्च

सभी स्वास्थ्य बीमा योजनाओं की तरह हमारी स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी की मदद से आप किसी बीमारी या शारीरिक क्षति के कारण अस्पताल में भर्ती होने के ख़र्चों का निपटान कर सकते हैं।

 अस्पताल मे भर्ती होने और अस्पताल छोड़ने के बाद का ख़र्च

अस्पताल मे भर्ती होने और अस्पताल छोड़ने के बाद का ख़र्च

हमारी स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी में अस्पताल में भर्ती होने के 90 दिनों पहले तक और अस्पताल छोड़ने के बाद 180 दिनों तक के सारे खर्चों का निपटान शामिल है। जैसे डायग्नोसिस, जांच आदि के ख़र्च।

 डे केयर प्रक्रिया

डे केयर प्रक्रिया

स्वास्थ्य सुरक्षा के क्षेत्र में ज़रूरी सर्जरी, इलाज और ऑपरेशन आदि 24 घंटों के अंदर ही हो जाते हैं और आपकी सुविधा के लिए हमारी स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी में डे केयर इलाज भी शामिल हैं।

AYUSH Benefits

AYUSH लाभ

हम आयुर्वेद, यूनानी, सिद्ध, तथा होम्योपैथी चिकित्सा में भी आपको सेवा प्रदान करते हैं। आप अपनी इच्छा से कोई भी चिकित्सा चुन सकते हैं और ज़रूरत के समय हम आपकी सेवा में हमेशा तैयार हैं।



आपातकालीन एम्बुलेंस खर्च

यदि बीमाधारक जीवन के लिए खतरे में पड़ने वाली मेडिकल इमरजेंसी का सामना करता है, तो एंबुलेंस (उसी शहर के भीतर) में अस्पताल से घर में स्थानांतरण भी कवर किया जाता है।

रिकवरी लाभ

रिकवरी लाभ

अगर बीमाधारक लगातार 10 दिन से ज़्यादा अस्पताल में भर्ती रहता है तो इस अवधि में हुए आर्थिक नुक्सान के लिए भी हमारी स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी आपको भुगतान करेगी। इस सुविधा से आपकी गैरमौजूदगी में अन्य खर्चों में आर्थिक मदद मिलती है। (तय राशि पॉलिसी की शर्तों में देखें)

Mental healthcare

मानसिक हेल्थ केयर

हमारा मानना है कि शारीरिक बीमारी या क्षति के कारण अस्पताल में भर्ती होना जितना ज़रूरी है उतना ही ज़रूरी है आपका मानसिक स्वास्थ्य और इसीलिए हमारी स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी में मानसिक स्वास्थ्य के इलाज में होने वाले ख़र्च भी शामिल हैं।

Freeपॉलिसी रीन्यू होने पर मुफ़्त हेल्थ चेकअप

पॉलिसी रीन्यू होने पर मुफ़्त हेल्थ चेकअप

एचडीएफ़सी अर्गो की स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी को रीन्यू कराने के 60 दिनों के अंदर मुफ़्त हेल्थ चेकअप की सुविधा का भी लाभ उठा सकते हैं।


₹75,000* तक की टैक्स बचत

क्या आप जानते हैं कि स्वास्थ्य बीमा में पैसों की बचत के साथ साथ आपको टैक्स बचत की भी सुविधा मिलती है? जी हाँ, एचडीएफ़सी अर्गो की स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी से आप ₹75,000* तक की टैक्स बचत कर सकते हैं।

 जीवन भर रिन्यू करे

जीवन भर रिन्यू करे

हमारी स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी खरीदें और जिंदगी भर के लिए रहें निश्चिंत क्यूंकी एक बार पॉलिसी ख़रीदने के बाद आप बीमा पॉलिसी को जिंदगी भर रीन्यू करा सकते हैं।

कोई प्रवेश आयु प्रतिबंध नहीं
कोई प्रवेश आयु प्रतिबंध नहीं

अगर आपकी उम्र 18 वर्ष या उससे ज़्यादा है तो आप बेझिझक एचडीएफ़सी अर्गो स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी खरीद सकते हैं। हम हर उम्र-वर्ग के लोगों को सम्पूर्ण स्वास्थ्य सुरक्षा प्रदान करते हैं।

स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी में क्या शामिल नहीं होता है ?

एडवेंचर स्पोर्ट इंजरी

एडवेंचर स्पोर्ट इंजरी

साहसिक खेलों में भाग लेना आपको ऊर्जा और उत्साह से भर सकता है लेकिन इसमें दुर्घटना का ख़तरा भी बहुत ज़्यादा होता है। हमारी स्वास्थ्य बीमा में साहसिक खेलों के दौरान हुई दुर्घटना शामिल नहीं है।

Self-inflicted injuries

ख़ुद को चोट पहुँचाने की स्थिति

आप ख़ुद को चोट पहुँचाने के बारे में सोच सकते हैं लेकिन हम नहीं चाहते कि आप ऐसा करें। हमारी स्वास्थ्य बीमा में ख़ुद को पहुँचायी चोटों के खिलाफ़ कवर नहीं मिलता है।

युद्ध

युद्ध

युद्ध की स्थिति दुर्भाग्यपूर्ण और विनाशकारी होती है। हालांकि हमारी स्वास्थ्य बीमा योजना में युद्ध के कारण हुई क्षति के लिए दावा मान्य नहीं होता। .

रक्षा संबंधी कार्यों में भागीदारी

रक्षा संबंधी कार्यों में भागीदारी

हमारी स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी में रक्षा (आर्मी/नेवी/एयर फ़ोर्स) सबंधी कार्यों के दौरान हुई दुर्घटनाएँ शामिल नहीं होती हैं।

योनि या यौन संचारित रोग

योनि या यौन संचारित रोग

हम आपकी बीमारी की गंभीरता को समझते हैं। हालांकि हमारी स्वास्थ्य बीमा योजना में योनि या यौन संबंधी बीमारियां शामिल नहीं हैं।

मोटापे का इलाज और कॉस्मेटिक सर्जरी

मोटापे का इलाज और कॉस्मेटिक सर्जरी

हमारी स्वास्थ्य बीमा योजना में मोटापे का इलाज या कॉस्मेटिक सर्जरी जैसे स्वास्थ्य संबंधी ख़र्च शामिल नहीं होते हैं ।

स्वास्थ्य बीमा में शामिल और बहिष्कृत ख़र्चों के बारे में अधिक जानने के लिए सेल्स ब्रोशर/शब्द रचना पढ़ें

स्वास्थ्य बीमा से टैक्स में बचत

स्वास्थ्य बीमा प्रीमियम भुगतान पर टैक्स छूट

सेक्शन 80 डी के अंतर्गत, आपको स्वास्थ्य बीमा प्रीमियम के लिए प्रति वर्ष ₹25,000 की राशि मिल सकती है। स्वास्थ्य बीमा के लिए दिया जाने वाला प्रीमियम आपके, आपके जीवनसाथी या आश्रित बच्चों के लिए मान्य होगा। अगर आप या आपके जीवनसाथी एक वरिष्ठ नागरिक हैं तो यह राशि ₹50,000 तक हो सकती है।


निवारक स्वास्थ्य जाँच में छूट

इनकम टैक्स एक्ट के सेक्शन 80डी के अंतर्गत आप निवारक स्वास्थ्य जाँच पर प्रतिवर्ष टैक्स लाभ का दावा कर सकते हैं। आप निवारक स्वास्थ्य जाँच में हुए ख़र्चों पर हर वर्ष ₹5,000 की राशि का दावा कर सकते हैं।


अभिभावकों के स्वास्थ्य बीमा प्रीमियम भुगतान पर छूट

अगर आप अभिभावकों के स्वास्थ्य बीमा प्रीमियम का भुगतान कर रहे हैं तो आप प्रतिवर्ष ₹25,000 की अतिरिक्त राशि का दावा भी कर सकते हैं। अगर आपके माता-पिता या उनमें से कोई एक वरिष्ठ नागरिक है तो दावे की यह राशि ₹30,000 तक हो सकती है।


स्वास्थ्य बीमा ख़रीदने के 6 कारण

  • 1. जीवनशैली के रोग : : चिंता, प्रदूषण, खाने की अस्वस्थ्य आदतें, गैजेट की लत, और अनुशासनहीन जीवनशैली वर्तमान में विभिन्न बीमारियों का कारण बन चुकी हैं। जीवनशैली से होने वाली बीमारियों और उनके इलाज में होने वाले ख़र्च के निपटान के लिए स्वास्थ्य बीमा ख़रीदना बेहद फ़ायदेमंद साबित हो सकता है।

  • 2. अपर्याप्त बीमा : : क्या आपको लगता है कि आप एक ही बीमा पॉलिसी से सभी ख़तरों के विरुद्ध दावा कर सकते हैं? आपको बता दें कि आपका कर्मचारी स्वास्थ्य बीमा पर्याप्त नहीं है। वर्तमान में स्वास्थ्य तकनीक विकसित हो रही हैं और ऐसे में अधिक बीमा राशि वाली सवास्थ्य योजना ही फ़ायदेमंद होगी।

  • 3. महंगे इलाज में मदद: भारत में स्वास्थ्य संबंधी इलाज के ख़र्च लगातार बढ़ रहे हैं। ऐसे में अपनी कमाई से इतने बड़े ख़र्चे उठाना आपकी जेब पर भारी पड़ सकता है इसलिए इन ख़र्चों के निपटान के लिए स्वास्थ्य बीमा लेना बहुत मददगार साबित होगा।

  • 4. बड़ी बचत: 2/3 साल की पॉलिसी अवधि के भुगतान करने पर छूट मिल सकती है। इसके साथ ही व्यक्तिगत बीमा राशि के आधार पर 2 से अधिक परिवार के सदस्यों के लिए बीमा पॉलिसी ख़रीदने पर आपको अधिक छूट मिल सकती है। बीमा लेते समय पूरी समझदारी दिखाएँ ताकि आपको लंबे समय के लिए ज़्यादा छूट भी मिले और प्रीमियम में बचत भी।

  • 5. टैक्स बचतबीमा के माध्यम से आपको टैक्स बचत में भी फ़ायदा मिलता है। स्वास्थ्य बीमा योजनाओं से आप सेक्शन 80डी के अंतर्गत प्रतिवर्ष ₹75,000* तक टैक्स बचत कर सकते हैं। आप स्वास्थ्य सुरक्षा के साथ साथ टैक्स बचत भी कर सकते हैं!

  • 6. जल्दी निर्णय लें: आप जितनी जल्दी बीमा ले लेंगे आपको इतने ही ज़्यादा फ़ायदे मिलेंगे जैसे कम प्रीमियम और ज़्यादा से ज़्यादा कवरेज। जल्दी बीमा लेने से मौजूदा स्वास्थ्य बीमारियों की संभावना भी कम होती है और पॉलिसी ख़रीदते समय आप कम प्रीमियम का लाभ भी पा सकते हैं।

जानें हमारी सवास्थ्य बीमा के बारे में विशेषज्ञ क्या कहते हैं

दिवाकर अस्थाना, स्वास्थ्य और दुर्घटना बीमा के लिए अंडरराइटिंग और दावा प्रमुख
दिवाकर अस्थाना, स्वास्थ्य और दुर्घटना बीमा के लिए अंडरराइटिंग और दावा प्रमुख
"ज़्यादा से ज़्यादा कवरेज और लाभ पाने के लिए माय:हेल्थ सुरक्षा बीमा ख़रीदने की सलाह देते हैं। उनका मानना है कि कैशलेस घरेलू स्वास्थ्य सुरक्षा और मानसिक बीमारी के इलाज में ग्राहकों को लंबे समय का लाभ मिलेगा।"

क्या आप बीमा में पूरी तरह सुरक्षित हैं ?

परिस्थिति 1: मेरे बॉस ने मेरा कर्मचारी स्वास्थ्य बीमा कराया है। मुझे अन्य किसी बीमा की आवश्यकता नहीं है।

हम में से अधिकांश लोग यह मानते हैं कि कर्मचारी स्वास्थ्य बीमा ही हमारे चिकित्सा ख़र्चों के निपटान के लिए पर्याप्त है। लेकिन, आपको बता दें कि एम्प्लॉयर स्वास्थ्य बीमा आपके लिए हर परिस्थिति में पर्याप्त नहीं होगा। जब आप कंपनी छोड़ देते हैं या नौकरी बदलते हैं तो कर्मचारी स्वास्थ्य बीमा के तहत मिलने वाले लाभ भी ख़त्म हो जाते हैं। इसके अलावा, इस प्रकार की स्वास्थ्य बीमा में आपको प्लान में बदलाव करने या बीमा की राशि को बढ़ाने या घटाने की छूट भी नहीं मिलती है। अगर आप लंबे समय तक कर्मचारी स्वास्थ्य बीमा के भरोसे ही रहेंगे तो वेटिंग पीरियड पूरी तरह समाप्त भी हो सकते हैं।

परिस्थिति 2: अनभिज्ञ रहना

अक्सर ऐसा होता है कि जब तक हम या हमारे क़रीबी लोग किसी गंभीर समस्या का सामना नहीं करते तब तक हम स्वास्थ्य बीमा की अहमियत नहीं समझते हैं। अगर कभी अचानक से स्वास्थ्य संबंधी ख़र्चे करने पड़ें तो इस विषय में जागरूकता की कमी के कारण आपको आर्थिक परेशानियां भी झेलनी पड़ सकती हैं।

परिस्थिति 3: कम बीमा की राशि

अगर आप किसी बड़े मेट्रो शहर में रहते हैं जहाँ स्वास्थ्य संबंधी इलाज की लागत बहुत ज़्यादा होती है तो आपको बीमा की राशि ज़्यादा रखनी होगी। अगर एक साल में एक बार अस्पताल के ख़र्च पर आपकी बीमा की पूरी राशि ख़त्म हो जाती है तो आपको ऐसा बीमा लेना चाहिए जिसमें बीमा की राशि ज़्यादा हो। सिर्फ़ स्वास्थ्य बीमा ख़रीदना ही काफ़ी नहीं होता है। आपको ऐसा स्वास्थ्य बीमा लेना होगा जिसमें लंबे समय तक आपके स्वाथ्य संबंधी ख़र्चों का निपटान हो सके। साथ ही, अगर आप परिवार में एक से ज़्यादा सदस्यों के लिए बीमा पॉलिसी ले रहे हैं तो आपको ₹10 लाख से ज़्यादा बीमा राशि वाली पॉलिसी लेनी चाहिए।

परिस्थिति 4: कवरेज के बजाय प्रीमियम की राशि के बारे में सोचना

बीमा ख़रीदते समय आपको यह भी ध्यान देना होगा कि सिर्फ़ प्रीमियम की राशि ही मायने नहीं रखती है बल्कि आपकी बीमा पॉलिसी में कौन से लाभ शामिल हैं ये भी देखना बहुत ज़रूरी होता है और इसे नज़रंदाज़ न करें। अगर आप कम प्रीमियम भुगतान वाला स्वास्थ्य बीमा ख़रीदना चाहते हैं तो संभव है कि इस पॉलिसी में आपको ज़रूरी लाभ नहीं मिल पाएँगे। भविष्य में आपको यह लग सकता है कि अमुक ख़र्च आपकी पॉलिसी में शामिल होना चाहिए लेकिन ऐसा हो नहीं पाता है। उदाहरण के लिए एचडीएफसी अर्गो स्वास्थ्य बीमा में आपको सभी ज़रूरी कवरेज मिलती है जैसे कैशलेस घरेलू स्वास्थ्य सुविधा, अस्पताल में भर्ती होने पर कमरे के किराए की पाबंदी नहीं होती और 20 मिनट में कैशलेस दावे मंजूर हो जाते हैं।

परिस्थिति 5: यह सिर्फ़ टैक्स बचत के लिए ज़रूरी नहीं है

अक्सर लोग सेक्शन 80 डी के अंतर्गत टैक्स बचाने के उद्देश्य से स्वास्थ्य बीमा ख़रीदते हैं। स्वास्थ्य बीमा योजना में आप ₹75,000* तक टैक्स बचत कर सकते हैं। हालांकि, स्वास्थ्य बीमा में टैक्स बचत के साथ-साथ अन्य बहुत सारे लाभ हैं। आप एक ऐसी स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी चुन सकते हैं जिससे आपको गंभीर परिस्थितियों में लाभ मिल सके और लंबे समय में आपके पैसों की बचत भी हो सके। सम्पूर्ण आर्थिक एवं स्वास्थ्य सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए आपको अपने माता-पिता, जीवनसाथी और बच्चों के लिए स्वास्थ्य बीमा ख़रीदना चाहिए।

अपने लिए सही स्वास्थ्य बीमा योजना कैसे चुनें ?

जब भी आप स्वास्थ्य बीमा ख़रीदने के बारे में सोचते हैं तो सबसे पहले आपके मन में यही सवाल आता होगा कि आख़िर एक आदर्श स्वास्थ्य बीमा योजना क्या है? इसमें कौन से लाभ शामिल होने चाहिए? आगे पढ़ें और जानें कि आप अपने लिए सबसे उचित स्वास्थ्य बीमा कैसे ख़रीद सकते हैं ?

1. पर्याप्त बीमा राशि लें :अगर आप मेट्रो शहर में रहते हैं तो ज़ाहिर है कि वहाँ स्वास्थ्य सुविधाओं और इलाज की क़ीमत बहुत ज़्यादा होगी इसलिए व्यक्तिगत तौर पर आपकी बीमा राशि ₹7 लाख से ₹10 लाख के बीच होनी चाहिए। लेकिन अगर आप अपने जीवनसाथी और बच्चों की स्वास्थ्य सुरक्षा के लिए बीमा पॉलिसी ले रहे हैं ₹8 लाख से ₹15 लाख तक की बीमा राशि फ्लोटर प्लान के लिए उचित रहेगी। बीमा राशि इतनी होनी चाहिए जिससे एक साल में एक से ज़्यादा बार होने वाले अस्पताल के ख़र्चों का निपटान किया जा सके।

2. प्रीमियम कम करने के लिए साथ भुगतान का विकल्प चुनें: अगर आप अपने प्रीमियम की राशि कम करना चाहते हैं और इलाज में होने वाले ख़र्च का आधा भुगतान करने में सक्षम हैं तो आपको ऐसा स्वास्थ्य बीमा चुनना चाहिए जिसमें सह-भुगतान की सुविधा उपलब्ध हो। चूँकि आप अपने बीमाकर्ता के साथ अपने स्वास्थ्य संबंधी ख़र्चों का भुगतान करेंगे तो आपको ज़्यादा प्रीमियम भी नहीं देना होगा।

3. . घरेलू स्वास्थ्य सुविधा वाली पॉलिसी चुनें : क्या आपको अस्पताल में अपनी सुविधा के अनुसार कमरे या बिस्तर नहीं मिल रहे हैं? या आपके माता-पिता को अस्पताल में रहकर इलाज करवाने में दिक़्क़त महसूस हो रही है? ऐसी परिस्थितियों में आप एचडीएफसी अर्गो की स्वास्थ्य बीमा चुन सकते हैं जहाँ आपको घरेलू स्वास्थ्य सुरक्षा की पूरी सुविधा मिलेगी।

4. वेटिंग पीरियड देखें : जब तक आपका वेटिंग पीरियड पूरा नहीं होता तब तक आप अपनी स्वास्थ्य बीमा योजना में कोई भी दावा नहीं कर सकते हैं। आपको हमेशा ऐसी स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी चुननी चाहिए जिसमें मौजूदा बीमारी और मैटरनिटी लाभ के लिए वेटिंग पीरियड कम समय का हो। कोई भी स्वास्थ्य बीमा योजना ख़रीदने से पहले आपको वेटिंग पीरियड के बारे में ज़रूर ध्यान देना चाहिए। अपने परिवार, बच्चों या ख़ुद के लिए स्वास्थ्य बीमा ख़रीदने से पहले कुछ ज़रूरी कवरेज के बारे में देखने के अलावा भी बहुत सारे लाभ हैं जिनके बारे में जानकर आपको अपनी ज़रूरत के अनुसार उचित स्वास्थ्य बीमा लेना चाहिए।

5. अतिरिक्त लाभ का ख़र्च नहीं: आमतौर पर आपके इलाज में होने वाले ख़र्च इस बात पर निर्भर करते हैं कि आप किस प्रकार के कमरे में भर्ती हुए हैं। विशेषज्ञों द्वारा हमेशा ऐसी स्वास्थ्य बीमा योजना ख़रीदने की सलाह दी जाती है जिसमें अतिरिक्त सुविधा पर ख़र्च की पाबंदी नहीं होती है। माय:हेल्थ सुरक्षा बीमा की तरह जिसमें किसी भी कमरे के किराए की पाबंदी नहीं होती है।

प्रीमियम किन 7 कारकों पर आधारित होता है ?

1. उम्र : निसंदेह, बीमा लेने वाले व्यक्ति की उम्र ही सबसे प्रमुख कारक है जिसके आधार पर आपके प्रीमियम की राशि तय होती है। यह सुझाव दिया जाता है कि आपको युवावस्था में ही स्वास्थ्य बीमा ख़रीद लेना चाहिए क्योंकि बीमा योजनाओं में उम्र के साथ प्रीमियम की राशि बढ़ जाती है। कम उम्र में आपको पहले से मौजूद बीमारियाँ होने की संभावना कम होती है, जिसके कारण आपका प्रीमियम कम होता है। वयस्कों और वरिष्ठों में मौजूदा बीमारी की संभावना ज़्यादा होती है इसीलिए कम उम्र में ही स्वास्थ्य बीमा ख़रीदने की सलाह दी जाती है।

2. पहले से मौजूद बीमारियाँ : स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी लेने से पहले ही अगर आप किसी बीमारी से पीड़ित हैं, तो उसे पहले से मौजूद बीमारी की श्रेणी में रखा जाता है। यदि आप मधुमेह के रोगी हैं या उच्च रक्तचाप से पीड़ित हैं तो आपका प्रीमियम बढ़ सकता है। अगर युवावस्था में स्वस्थ रहते हुए ही आप स्वास्थ्य बीमा ख़रीद लेंगे तो आपको मौजूदा बीमारी की परिस्थिति में ज़्यादा प्रीमियम नहीं देना होगा।

3. पारिवारिक परिस्थिति : आपके प्रीमियम राशि को प्रभावित करने के लिए यह भी महत्वपूर्ण कारक है। यदि आपके परिवार में किसी सदस्य को मधुमेह या डायबिटीज़ है तो बहुत ज़्यादा संभावना है कि भविष्य में अनुवांशिक तौर पर आपको यह रोग हो सकता है। इसके कारण आपका प्रीमियम भी बढ़ सकता है।

4. आपका निवास स्थान : यदि आप मेट्रो शहर में रहते हैं, तो संभावना है कि आपका प्रीमियम अधिक हो सकता है क्योंकि टियर 2 या 3 शहरों की तुलना में विकसित शहरों में स्वास्थ्य सुविधाओं और इलाज की लागत ज़्यादा है। इसलिए नागपुर में रहने वाले लोगों की तुलना में दिल्ली में रहने वाले लोगों के लिए प्रीमियम अधिक होगा।

5. बीमित सदस्यों की संख्या : : अगर आप व्यक्तिगत स्वास्थ्य बीमा लेते हैं तो आपका प्रीमियम फैमिली फ्लोटर पॉलिसी की तुलना में ज़्यादा होगा जिसमें आपके पति/पत्नी और बच्चे भी बीमा में शामिल होते हैं। यहां तक कि परिवार स्वास्थ्य बीमा के तहत आप परिवार के प्रत्येक सदस्य के लिए व्यक्तिगत बीमा राशि चुन सकते हैं या फ्लोटर प्लान में एक ही बीमा राशि पर सभी सदस्यों को बीमा में शामिल कर सकते हैं। सभी सदस्यों के लिए एक फ्लोटर योजना लेने में प्रीमियम कम होगा और अलग अलग व्यक्तिगत बीमा लेने पर प्रीमियम ज़्यादा देना होगा।

6. बीएमआई या बॉडी मास इंडेक्स : यदि आपका वजन मोटापे के कारण आपके कद के अनुपात में संतुलित नहीं है, तो संभावना है कि आपको स्वास्थ्य बीमा में ज़्यादा प्रीमियम का भुगतान करना पड़ सकता है। उच्च बीएमआई वाले लोगों को जोड़ों के दर्द, हाइपरटेंशन, उच्च रक्तचाप और कई अन्य बीमारियों का ख़तरा होता है, जिसके कारण वे ज़्यादा जोखिम की श्रेणी में आते हैं। ज़्यादा स्वास्थ्य जोखिम वाले व्यक्तियों के लिए आमतौर पर बीमा प्रीमियम अधिक होता है।

7. धूम्रपान की आदतें :यदि आप अत्यधिक धूम्रपान करते हैं तो संभावना है कि आपका बीमा प्रीमियम आपकी जेब पर बहुत भारी पड़ सकता है क्योंकि बीमा कंपनी आपको एक ज़्यादा जोखिम वाले व्यक्ति के तौर पर बीमा देगी। आपकी धूम्रपान की आदत लंबे समय तक आपके फेफड़ों को प्रभावित कर सकती है, जिससे साँस से जुड़ी गंभीर बीमारियाँ हो सकती हैं। अन्य आदतें जैसे कि तंबाकू चबाना या ज़्यादा शराब पीना आपके सेहत पर बुरा प्रभाव डाल सकता है और इससे आपको कैंसर भी हो सकता है, इसलिए आपका प्रीमियम बहुत ज़्यादा बढ़ सकता है।

अपनी स्वास्थ्य बीमा योजना के लिए दावा कैसे करें ?

Tअपनी स्वास्थ्य बीमा योजना के लिए दावा दर्ज करने के लिए आपको कुछ ज़रूरी काम करने होंगे। स्वास्थ्य बीमा में दावे की प्रक्रिया प्रतिपूर्ति दावा अनुरोधों और कैशलेस दावों के लिए अलग होती है। एचडीएफसी अर्गो स्वास्थ्य बीमा योजना के दावों को कैसे निपटाता है, इसे समझने के लिए नीचे की प्रक्रिया पढ़ें

20 मिनट** में स्वास्थ्य बीमा कैशलेस दावों को मिलेगी मंजूरी
अस्पताल में भर्ती होने के नियम

पॉलिसी धारक को सबसे नज़दीकी कैशलेस अस्पताल में ही भर्ती होना चाहिए

अपने नज़दीकी कैशलेस अस्पताल देखें

अस्पताल से फ़ॉर्म लें, अस्पताल में ही भरें और जमा करें

अस्पताल से कैशलेस फ़ॉर्म लेकर उसमें सभी जानकारी भरें

ज़रूरी डॉक्युमेंट, फ़ोटो प्रमाणपत्र और स्वास्थ्य बीमा कार्ड के साथ फ़ॉर्म जमा करें

पूर्व प्राधिकरण

डॉक्युमेंट प्राप्त के बाद दावे से जुड़ी हमारी आंतरिक टीम डॉक्युमेंट, इलाज और कवरेज के आधार पर दावे को स्वीकार/अस्वीकार करेगी।

दावा निपटान

स्वीकृति के बाद आप अस्पताल में किसी भी ख़र्च का भुगतान किए बग़ैर इलाज करवा सकते हैं।

अस्पताल से डिस्चार्ज होने के बाद एचडीएफसी अर्गो सभी डॉक्युमेंट और डिस्चार्ज विवरण की जाँच करेगा और सीधे अस्पताल से ही दावे का निपटान हो जाएगा।

दावे की स्थिति

दावे के हर चरण पर आप अपने दावे की प्रक्रिया को ट्रैक कर सकते हैं और हम आपको दावे से जुड़ी ज़रूरी जानकारी देते रहेंगे।


स्वास्थ्य बीमा की रीइम्बर्समेन्ट के दावे 3 दिन*** में रीइम्बर्स हो जाते हैं

भर्ती होने पर

अगर आप ग़ैर नेटवर्क वाले अस्पताल में भर्ती होते हैं तो आपको एचडीएफसी अर्गो को अपने अस्पताल के बारे में पूरी जानकारी देनी होगी।

डिस्चार्ज होने के बाद

अस्पताल से सभी ज़रुरी डॉक्युमेंट जमा करें और उन्हें एचडीएफसी अर्गो जनरल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड, 5वां फ्लोर, टावर 1, स्टेलर आईटी पार्क, C-25, सेक्टर-62, नोएडा 201301, राज्य:उत्तरप्रदेश, शहर: नोएडा पिन कोड: 201301 पर भेजें

डॉक्युमेंट की जाँच और मंजूरी

हम सभी डॉक्युमेंट की जाँच के आधार पर दावे को स्वीकार/अस्वीकार करेंगे।

निपटान

अगर आपका दावा मंजूर हो जाता है तो दावे की राशि एनईएफटी के माध्यम से आपको रीइम्बर्स की जाएगी।

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स्वास्थ्य बीमा योजना में इस्तेमाल होने वाली सामान्य शब्दावली

स्वास्थ्य बीमा कंपनियों द्वारा दिये जाने वाले फ़ायदों के बारे में पढ़ते वक़्त हम अक्सर नए शब्द पढ़ते हैं। नीचे स्वास्थ्य बीमा योजना में शामिल और बहिष्कृत फ़ायदों से जुड़े 10 सामान्यतः इस्तेमाल होने वाले शब्द दिए गए हैं। उन्हें बेहतर ढंग से समझने के लिए आगे पढ़ें

क्युम्युलेटिव बोनस

आपकी स्वास्थ्य बीमा कंपनी आपको स्वस्थ और सेहतमंद बने रहने के लिए पुरस्कृत करती है! हर साल आपको कोई दावा न करने के लिए बीमा राशि के रूप में क्युम्युलेटिव बोनस मिलता है। हम एचडीएफसी अर्गो में 200% तक क्युम्युलेटिव बोनस प्रदान करते हैं।

आयुष लाभ

इस शब्द का मतलब है आयुर्वेद, यूनानी, सिद्ध, और होम्योपैथी; वे इलाज या थेरेपी जिन्हें आप एलोपैथी की जगह अपना सकते हैं। अगर आप एलोपैथी के अलावा अन्य उपचार तकनीक में विश्वास करते हैं तो हम अपने स्वास्थ्य बीमा प्लान में आपके अस्पताल के ख़र्चों को शामिल करते हैं।

को-पेमन्ट

चिकित्सीय इलाज के लिए बीमाधारक द्वारा दी जाने वाली तय या 0% राशि को सह-भुगतान कहा जाता है। अगर आपका सह-भुगतान प्रतिशत 20% है तो अस्पताल में भर्ती होने की स्थिति में कुल ख़र्च का 20% भुगतान आपको करना होगा और बचे ख़र्च का निपटान बीमा कंपनी द्वारा होगा।

इंडोर्समेंट

अपने पॉलिसी डॉक्युनेंट में बदलाव करने की प्रक्रिया जैसे, नाम में बदलाव,सदस्यों की संख्या बढ़ाना या घटाना, और बीमा की राशि बढ़ाने जैसे बदलाव एंडोर्समेंट कहलाते हैं।

पहले से मौजूद बीमारी

अगर आप पॉलिसी ख़रीदने के समय किसी बीमारी से ग्रस्त हैं तो उसे पहले से मौजूद बीमारी कहा जायेगा। पॉलिसी लेने के समय ही पहले से मौजूद बीमारी के बारे में बता देना चाहिए। अगर दावे के समय बीमा कंपनी को आपकी पहले से मौजूद बीमारी के बारे में पता चलेगा तो आपका दावा नामंज़ूर हो सकता है।

फ्री लुक पीरियड

अगर पॉलिसी ख़रीदने के बाद आपको बेहतर बीमा प्लान मिलता है और आप दूसरा प्लान लेना चाहते हैं तो आपकी स्वास्थ्य बीमा कंपनी आपको अपनी पॉलिसी रद्द करने का मौक़ा देती है। इस अवधि को फ्री-लुक पीरियड कहा जाता है।

वेटिंग पीरियड

आसान शब्दों में, किसी इलाज या बीमारी की कवरेज राशि पाने के लिए बीमाधारक को जितने दिन का इंतज़ार करना पड़ता है उसे वेटिंग पीरियड कहते हैं। उदाहरण के लिए स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी में पहले से मौजूद बीमारी और मैटरनिटी लाभ के लिए तय वेटिंग पीरियड होते हैं।

सम इंश्योर्ड रिबाउंड

अगर आपकी बीमित राशि ख़र्च हो जाती है तो आप असल बीमित राशि के बराबर अतिरिक्त बीमित राशि पा सकते हैं।

नो सब-लिमिट

स्वास्थ्य बीमा कंपनियां बीमारियों, अस्पताल के कमरे के किराए, और कवरेज आदि पर पाबंदी लगा देती हैं यानी कि तय सीमा की बाद आपको वे लाभ नहीं मिलेंगे। हालांकि, एचडीएफसी अर्गो माय:हेल्थ सुरक्षा में आपको बीमारी या कमरे के किराए पर किसी प्रकार की पाबंदी नहीं मिलेगी।

एड ऑन कवर या राइडर

अपनी स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी को बेहतर बनाने और ख़ुद को अधिक सुरक्षित रखने के लिए आप अतिरिक्त लाभ या राइडर शामिल कर सकते हैं। गंभीर बीमारी, हॉस्पिटल डेली कैश आदि कुछ एड ऑन के प्रकार हैं।

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स्वास्थ्य बीमा के बारे में अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

तकनीकी विकास, इलाज और अधिक प्रभावी दवाओं की उपलब्धता के साथ स्वास्थ्य सुरक्षा की क़ीमतें बढ़ गयी हैं। यह सारे विकास अक्सर लोगों को आर्थिक रूप से कमज़ोर कर देते हैं और स्वास्थ्य सेवाएँ कई लोगों की पहुँच से बाहर हो जाती हैं। ऐसे में एचडीएफसी अर्गो की स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी बहुत मददगार साबित होती है क्योंकि वे अस्पताल में भर्ती होने और इलाज के ख़र्च का पूरा ध्यान रखते हैं, जिससे बीमाधारक की आर्थिक परेशानियां कम हो जाती हैं। अपने लिए एक स्वास्थ्य बीमा अभी ख़रीदें |
स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी की मदद से आप अस्पताल में भर्ती होने के ख़र्च का निपटान कर सकते हैं। इसमें अस्पताल में भर्ती होने से पूर्व और पश्चात के ख़र्च, डेकेयर की सुविधा, डोमिसाइल इलाज आदि की सुविधा शामिल है।
एचडीएफसी अर्गो की सभी स्वास्थ्य बीमा योजनाएँ ऑनलाइन उपलब्ध हैं जिन्हें विभिन्न ऑनलाइन भुगतान विकल्पों के माध्यम ख़रीदा जा सकता है।
इसके लिए आपको स्वास्थ्य घोषणा और एंडोर्समेंट फ़ॉर्म भरना होगा और अतिरिक्त राशि पर आपके फैमिली फ्लोटर स्वास्थ्य बीमा योजना में नया सदस्य जुड़ जाएगा।
हाँ, ज़रूरत पड़ने पर आप अपना अस्पताल बदल सकते हैं। हालांकि, अपने स्वास्थ्य बीमा योजना में इलाज के ख़र्च का दावा करने के लिए आपको अस्पताल के बारे में पूरी जानकारी देनी होगी।
आप एक 3 साल के बच्चे के लिए व्यक्तिगत स्वास्थ्य बीमा योजना नहीं ले सकते हैं। अगर माता-पिता स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी में शामिल हैं तभी 5 वर्ष से कम उम्र के बच्चे भी पॉलिसी में शामिल हो पाएँगे।
कुछ स्थितियों में जैसे कि पहले से डायग्नोज़ की गई बीमारी के लिए अस्पताल में भर्ती, बाहर इलाज करवाना,यात्रा के दौरान अचानक बीमार होने पर आप विदेशी इलाज के विरुद्ध दावा कर सकते हैं।
ज़्यादातर अस्पताल में भर्ती होने और बाद (60 दिनों तक) के ख़र्च जैसे एक्स-रे, सीटी स्कैन, एमआरआई,अल्ट्रासाउंड, नर्सिंग, फिजिशियन, दवाइयाँ, तथा अन्य ख़र्च स्वास्थ्य बीमा में शामिल होते हैं। ग़ैर बीमा-दावा वाले 4 सफ़ल वर्षों के बाद आप मुफ़्त स्वास्थ्य जाँच भी करवा सकते हैं। यह चिकित्सा प्रतिकूलताओं के अधीन है।
ज़्यादातर स्वास्थ्य बीमा योजनाओं को रद्द करने के लिए शुरुआती 15 दिनों का समय होता है जिसे फ्री-लॉक पीरियड कहा जाता है। हालांकि, अगर आप पॉलिसी को समय से पहले हो रद्द करना चाहते हैं तो आपको रद्द करने का उचित कारण बताना होगा। प्रीमियम रिफंड शून्य दावों और स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी शब्द रचना में उल्लिखित रिफंड चार्ट के अनुसार है।
अगर स्वास्थ्य बीमा पॉलिसी के मुख्य बीमाधारक का निधन हो जाता है तो अन्य वयस्क व्यक्ति पॉलिसी को जारी रख सकता है और बीमा की राशि समान रहेगी।
आप हमारी वेबसाइट hdfcergo.com पर ऑनलाइन अपने स्वास्थ्य बीमा योजना में बदलाव कर सकते हैं। वेबसाइट पर 'हेल्प' सेक्शन में जाएँ और अपना अनुरोध दर्ज़ करें। अनुरोध दर्ज़ करने या सेवाओं के बारे में जानने के लिए यहाँ क्लिक करेंयहाँ क्लिक करें
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