How can we help you?
एचडीएफसी एर्गो जनरल इंश्योरेंस कम्पनी लिमिटेड निजी क्षेत्र में भारत की बीमा प्रदाता कंपनी है l झारखंड शासन द्वारा बिरसा प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (बी-पीएमएफबीवाई) को ऋणी एवं अऋणी कृषकों हेतु लागू करने के लिए एचडीएफसी एर्गो जनरल इंश्योरेंस कम्पनी लिमिटेड को ज़िला – पूर्वी सिंहभूम, गढ़वा, कोडरमा, लोहरदगा, पलामू, रामगढ़, साहेबगंज एवं पश्चिमी सिंहभूम में अधिकृत किया गया है l बिरसा प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत समस्त अधिसूचित फसलों को कृषि विभाग, झारखंड शासन द्वारा अनुमोदित किया गया है l
अधिसूचित जिलों में अधिसूचित फसले निम्नानुसार है:
योजना का उद्देश्य
B-PMFBY का उद्देश्य अप्रत्याशित घटनाओं से उत्पन्न फसल नुकसान या क्षति से पीड़ित किसानों को वित्तीय सहायता प्रदान करना।खेती में उनकी निरंतरता सुनिश्चित करने के लिए किसानों की आय को स्थिर करना।
किसानों को नवीन और आधुनिक कृषि पद्धतियां अपनाने के लिए पोत्साहित करना।
यह कृषि क्षेत्र के लिए ऋण का पवाह सुनिश्चित करता है।
यह योजना सभी किसानों को राज्य सरकारों द्वारा अधिसूचित उनकी फसलों के लिए बीमा कवरेज प्रदान करती है।
अधिसूचित क्षेत्रों में अधिसूचित फसलों को उगाने वाले बंटाईदार और किराएदार किसानों समेत सभी किसान कवरेज के लिए पात्र हैं।
✓किसानों का अधिसूचित/बीमित फसलों के लिए बीमा हित होना चाहिए।
✓यह योजना ॠणी किसानों सहित सभी किसानों के लिए स्वैच्छिक बनाई गई है।
✓सभी किसान जिन्होंने अधिसूचित फसल के लिए मौसमी कृषि संचालन ॠण अर्थात किसी वित्तीय संस्था (सहकारी बैंक, क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक, वाणिज्यिक बैंक, निजी बैंक आदि) से ॠण लिया है अर्थात ॠणी हैं और जिन्होंने अंतिम तिथि से 7 दिन पहले योजना से बाहर आने का विकल्प नहीं चुना है, वे अपने वित्तीय संस्थानों द्वारा योजना के तहत नामांकन के पात्र होंगे। फिर बैंक/सीएससी/मध्यस्थ, भारत सरकार के राष्ट्रीय फसल बीमा पोर्टल (एनसीआईपी) पर www.pmfby.gov.in पर अंतिम तिथि के अंदर किसानों को नामांकित करेंगे।
✓गैर ॠणी किसानों को राज्य में प्रचलित भूमि अभिलेखों (अधिकार पत्र आरओआर), भूमि अधिग्रहण प्रमाण पत्र (एलपीसी) इत्यादि और/या लागू अनुबंध/समझौते के विवरण/अन्य दस्तावेज (बटाईदार/किरायेदार किसानों के मामले में) जिन्हें राज्य सरकार द्वारा अधिसूचित/अनुमति दी गयी हो; को आवश्यक दस्तावेजी साक्ष्य प्रस्तुत करने होते हैं।
✓किसी भी अधिसूचित बीमा इकाई में किसी भी अधिसूचित फसल के लिए पीएमएफबीवाई योजना के तहत बीमा कराने के इच्छुक गैर-ॠणी किसान और खेती करने वाले कृषक अंतिम तिथि के भीतर निकटतम बैंक शाखा/पैक्स/अधिकृत चैनल पार्टनर/बीमा कंपनी के बीमा मध्यस्थ से संपर्क कर सकते हैं, निर्धारित प्रारूप में आवेदन फॉर्म पूरी तरह से भरकर साथ में भूमि/फसल के बीमा के लिए बीमा योग्य हित के बारे में आवश्यक दस्तावेजी साक्ष्य (जैसे स्वामित्व/किरायेदारी/खेती के अधिकार) के साथ बैंक शाखा/बीमा मध्यस्थ/सीएससी केंद्रों में अपेक्षित प्रीमियम जमा करें।
✓कवरेज के इच्छुक किसान को नामित बैंक की शाखा में खाता खोलना/संचालित करना चाहिए, और विवरण प्रस्ताव फॉर्म में होना चाहिए।
✓किसानों को प्रस्ताव में अपनी भूमि की पहचान संख्या का उल्लेख करना चाहिए और खेती योग्य भूमि के कब्जे के संबंध में दस्तावेजी साक्ष प्रदान करना चाहिए। कृषक को क्षेत्र बुवाई पुष्टिकरण प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा।
✓किसान को सुनिश्चित करना चाहिए कि उसे केवल एक ही माध्यम से भूमि के टुकड़ें में उगाई गई/उगाने के लिए प्रस्तावित अधिसूचित फसल (लों) के लिए बीमा कवरेज प्राप्त हो। किसी डुप्लिकेट या दोहरे बीमा की अनुमति नहीं है और एसे किसी भी मामलें में किसान कवरेज का पात्र नहीं होगा। बीमा कंपनी ऐसे सभी दावों को रद्द करने का अधिकार सुरक्षित रखेगी और ऐसे मामलों में प्रीमियम भी वापस नहीं करेगी।
✓कंपनी ऐसे किसानों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई भी कर सकती है।
✓फसल योजना में कोई बदलाव अंतिम तिथि से कम से कम 2 दिन पहले बैंक के ध्यान में लाया जाना चाहिए।
✓बीमा प्रस्ताव केवल राज्य स्तरीय समन्वय समिति/राज्य सरकार द्वारा अधिसूचित निर्धारित अन्तिम तिथि तक स्वीकार किए जाते हैं।
किसी भी प्रकार की अन्य जानकारी के लिए हमारे समर्पित कॉल सेंटर नंबर 14447 अथवा ऊपर दिए गए राज्य स्तरीय जिला समन्वयक से संपर्क करें।